Namita Sharma इंजीनियर से आईआरएस बनने की कहानी

आईआरएस ऑफिसर की कहानी बताने जा रहे हैं, जिन्होंने लगातार कई असफलताओं का सामना किया, लेकिन हार नहीं मानी और आईआरएस बनने के अपने सपने को साकार किया। हम बात कर रहे हैं आईआरएस अधिकारी नमिता शर्मा

यूपीएससी की तैयारी करने वाले उम्मीदवारों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। संघ लोक सेवा आयोग परीक्षा (यूपीएससी परीक्षा) देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक है

आईआरएस नमिता शर्मा ने इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन किया है।  इसके बाद उन्होंने दो साल आईबीएम में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के तौर पर काम किया और यूपीएससी की तैयारी के लिए आईबीएम छोड़ दिया

यूपीएससी की परीक्षा में वह बार-बार फेल हो गईं। नमिता शर्मा यूपीएससी की परीक्षा में पांच बार फेल हुईं। करीब सात साल के इंतजार के बाद उन्हें यूपीएससी की परीक्षा में सफलता मिली।

आईआरएस नमिता शर्मा के मुताबिक यूपीएससी में सफलता पाने के लिए अच्छी रणनीति और समय प्रबंधन बेहद जरूरी है। बार-बार असफल होने के बावजूद नमिता ने कभी हार नहीं मानी और कभी उम्मीद नहीं छोड़ी

नमिता शर्मा का आखिरी प्रयास था।  फिर उसने अपनी तैयारी का तरीका बदला और कड़ी मेहनत करने लगी।  साल 2018 में उन्होंने 6वां प्रयास दिया, जिसमें उन्होंने 145वीं रैंक हासिल की

नमिता शर्मा ने सोशल मीडिया पर अपनी यूपीएससी परीक्षा की रणनीति साझा की है।  जिसमें अन्य उम्मीदवारों को काफी फायदा मिल सकता है।

संघ लोक सेवा आयोग परीक्षा (यूपीएससी परीक्षा) देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक है।  इस परीक्षा में हर साल लाखों उम्मीदवार शामिल होते हैं

इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन किया है।  इसके बाद उन्होंने दो साल आईबीएम में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के तौर पर काम किया

लगातार 4 बार प्री एग्जाम में फेल होने पर नहीं मानी हार, ऐसी ही इंजीनियर से आईआरएस बनने की कहानी

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