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पीएम नरेंद्र मोदी आज लबालब भर चुके सरदार सरोवर बांध पर मनाएंगे अपना 69 वां जन्मदिन

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पीएम नरेंद्र मोदी आज यानि 17 सितम्बर को अपना 69वां जन्मदिन मना रहे है | मोदीजी ने 2014 में प्रधानमंत्री बनने के बाद हर साल अपना जन्‍मदिन कुछ अलग ही अंदाज में मनाया | इस बार भी वह अपने जन्‍मदिन पर मां हीराबेन का आशीर्वाद लेने के लिए गुजरात के गांधीनगर पहुंचे | पीएम मोदी की मां उनके छोटे भाई पंकज मोदी के साथ रहती हैं |

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इसके बाद वह सरदार सरोवर बांध गए | यहां वह महाआरती में भी शामिल हुए |उन्‍होंने स्‍टेच्‍यु ऑफ लिबर्टी से जुड़ी परियोजनाओं की समीक्षा की | इसके अलावा नर्मदा बांध से जुड़े सभी विकास कार्यों की विस्‍तार से समीक्षा की | इसके बाद वह दर्शन के लिए दत्‍त मंदिर गए | इसके बाद वे गरुदेश्‍वर बांध का निरीक्षण करेंगे | फिर केवड़िया में जनसभा को संबोधित करेंगे | गांधीनगर लौटकर राजभवन में गुजरात सरकार के मुख्‍य लोगों से मुलाकात करेंगे |

प्रधानमंत्री मोदी ने बच्‍चों के साथ ‘चलो जीते हैं’ फिल्म भी देखी थी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जन्‍मदिन पर वाराणसी पहुंचने के बाद सबसे पहले बाबा विश्वानाथ की पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया |पीएम ने पिछला जन्‍मदिन वाराणसी में बच्चों के बीच मनाया
पीएम नरेंद्र मोदी ने पिछले साल यानी 2018 में 68वां जन्मदिन अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में मनाया था | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जन्‍मदिन पर वाराणसी पहुंचने के बाद सबसे पहले बाबा विश्वानाथ की पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया | इसके बाद उन्‍होंने स्कूली बच्चों के बीच अपना जन्मदिन मनाया | इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने बच्‍चों के साथ ‘चलो जीते हैं’ फिल्म भी देखी थी |इस अवसर पर उन्होंने पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए करोड़ों रुपयों की कई परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया |

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2017 में सरदार सरोवर बांध का उद्घाटन कर मनाया जन्‍मदिन

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प्रधानमंत्री मोदी ने 2017 में अपने 67वें जन्मदिन पर गुजरात के लोगों को बड़ा तोहफा दिया था | उन्होंने केवड़ि‍या जिले में नर्मदा नदी पर बने सरदार सरोवर बांध का उद्घाटन किया | शिलान्यास के 56 साल बाद इस बांध को राष्ट्र के लिए समर्पित किया गया था | इस बांध की आधारशिला देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने 5 अप्रैल, 1951 को रखी थी | अदालती मुकदमों और इसके कारण विस्थापित हुए ग्रामीणों के प्रदर्शनों के कारण बांध को तैयार होने में 56 साल लग गए | लोकार्पण समारोह के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सौराष्ट्र के अमरेली में एक जनसभा को भी संबोधित किया |

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देश ‘होता है, चलता है’ रवैये को अब और नहीं ढो सकता है

वर्ष 2016 में अपने 66वें जन्मदिन का जश्‍न प्रधानमंत्री मोदी ने गुजरात में ही मनाया था. इस दौरान उन्होंने सबसे पहले गांधीनगर में अपनी मां का आशीर्वाद लिया. इस दिन भी प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को निभाते रहे. उन्होंने अपने जन्मदिन पर नवसारी में सामाजिक अधिकारिता शिविर और सहायक उपकरण वितरण समारोह को संबोधित किया. इस दौरान उन्‍होंने कहा कि पूरी दुनिया भारत की ओर उम्मीदों के साथ देख रही है | देश ‘होता है, चलता है’ रवैये को अब और नहीं ढो सकता है | इसे छोड़ना ही होगा |

भारत-पाकिस्तान के युद्ध के स्वर्णिम जयंती पर एक स्मारक प्रदर्शनी शौर्यांजली में समय बिताया

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2015 में पीएम के रूप में अपने 65वें जन्मदिन की शुरुआत 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के 50 वर्ष की याद में आयोजित प्रदर्शिनी का अवलोकन कर किया | इस मौके पर उन्होंने कहा कि युद्ध के दौरान सशस्त्र बलों की बहादुरी और बलिदान हर भारतीय की स्मृति में रहेगा | इस दिन उन्होंने ट्वीट किया था कि भारत-पाकिस्तान के युद्ध के स्वर्णिम जयंती पर एक स्मारक प्रदर्शनी शौर्यांजली में समय बिताया | इस युद्ध के दौरान हमारे जवानों की बहादुरी और बलिदान हर भारतीय की याद में है |हमें उन पर गर्व है |

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मां ने उन्‍हें 101 रुपये और तुलसीकृत रामचरित मानस उपहार में दी

देश का प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी ने 2014 में अपने 64वें जन्मदिन पर गांधीनगर जाकर अपनी मां का आशीर्वाद लिया | वह अहमदाबाद से 23 किलोमीटर दूर गांधीनगर तक अपनी मां हीराबेन से मिलने बिना किसी सुरक्षा के गए थे |अपने बेटे के जन्मदिन पर मां हीराबेन ने जम्मू-कश्मीर के बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए राहत और बचाव कार्य के लिए 5001 रुपये प्रधानमंत्री राहत कोष में दान दिए थे | इससे पहले गुजरात के सीएम रहते 2011 में भी वह जन्‍मदिन पर मां के पास पहुंचे थे |

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