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अंतरराष्ट्रीय बाल अधिकार दिवस: नमक-रोटी खाने की मजबूरी, जब सब्जी बनी सपना

आज अंतरराष्ट्रीय बाल अधिकार दिवस है. आज उस अंतरराष्ट्रीय समझौते को 31 साल पूरे हो गए. कोरोनाकाल ने हमें बताया है कि यदि यह साथ नहीं होता तो हालात और कितने खराब होते. हालांकि योजनाएं जमीन तक पहुंचना भी उतना ही जरूरी है.
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